संत रामपाल जी महाराज का मिशन धरती को स्वर्ग बनाना
है।
धरती को स्वर्ग सिर्फ संत रामपाल जी महाराज के सत्संग से बनाया जा सकता है। क्योंकि सत्संग से मनुष्य के विचार बदलते है है। और मनुष्य सत्कर्म करते है। सभी मनुष्य के अंदर एक दूसरे के प्रत्ये अच्छी भावना आएगी राग द्वेष खत्म हो जाएगा। और धरती स्वर्ग जैसी बन जाएगी।
आज कल की फिल्में अश्लीलता का प्रतिक है। आजकल के लोग फिल्में में जो देखते है वही समाज में करते है।
छोटे बच्चे भी उस गंदी फिल्मो से प्रेरित होकर उनकी मानसिक स्थिति भी उस प्रकार की हो जाती है।
फिल्मो की वजह से देश में यौन शोषण को बढ़ावा मिल रहा है।
इसका एक ही उपाय है #सत्संग
फिल्मो की जगह संत रामपाल जी महाराज का सत्संग सुनने से लोग बुराइया को त्यागकर अच्छाई को ग्रहण करते है। सभ्यता और शिष्टाचार ग्रहण करते है।
धरती तभी स्वर्ग बन सकती है। जब तक समाज में से फैली बुराइया और कुरीतिया दूर नहीं होगी। समाज में सबसे बड़ी कुरीति दहेजप्रथा है जिसके कारण एक पिता अपने कलेजे के टुकड़े समान बेटी को मार देता है।
परन्तु जो व्यक्ति संत रामपाल जी महाराज के
सत्संग में आते है उन्हें परमात्मा का भय बनता है और ज्ञान होता है। संत रामपाल जी महाराज ने अपने कई भक्तों का विवाह निःशुल्क करवाया। जिसके कारण अब कोई बेटी को बोझ नहीं मानेगा।
नशा से समाज का नाश होता है। जो व्यक्ति सत्संग में आता है उसे ज्ञान होता है फिर वो नशा तो दूर वो सपने में भी हाथ नहीं लगाएगा।
सत्संग में आने के बाद मनुष्य को पता चलता है कि जो इस जन्म में सुख सम्पति, नोकरी है वह पिछले जन्म के पुण्य कर्मो के कारण है। यदि इस जन्म में पूर्ण संत रामपाल जी महाराज के शरण में आकर सत्यभक्ति और शुभ कर्म नहीं करेगा। तो अगले जन्म में पशु-पक्षी बनकर महाकष्ट उठाएगा।
इसलिए संत रामपाल जी महाराज का सत्संग अवश्य सुनिए जिसके कारण मनुष्य जन्म का असली उद्देश्य सतभक्ति है वह पता चलता है।
संत रामपाल जी महाराज जी के प्रवचन कठोर ह्रदय को निर्मल बना देते है।
वर्तमान में बहुत सारे नकली गुरु शास्त्र विरुद्ध साधना करवाते हैं। दूसरी और अपराधों में भी इजाफा हो रहा है।
संत रामपाल जी महाराज के अलावा किसी भी गुरु का ज्ञान तथा भक्ति मंत्र शास्त्र के अनुसार नहीं है। जिसके कारण लोगो पर उसका असर नहीं होता और वे गलत रास्ते पर ही चलते है। इसलिए सभी समाज से विनती है कि संत रामपाल जी महाराज के सत्संग सुने जिससे प्रत्येक मानव की विचारधारा निर्मल बन जाती है। और सभी अच्छे कर्म करते है। जिसके कारण धरती बनेगी स्वर्ग समान।
एक बार अवश्य पढ़े
जीने की राह पुस्तक जिसमे धरती को स्वर्ग बनाने के मुद्दे का विस्तार से उल्लेख दिया गया है। जीने की राह पुस्तक ऊपर दी गई link से फ्री में download कर सकते है।
आप इस blog के बारे में अपनी राय मुझे comment में बता सकते है।
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